उत्तराखण्ड
जिला प्रशासन एवं पुलिस की संयुक्त कार्यवाही, चार पुस्तक भण्डारों को कराया गया सीज।
- *अभिभावकों को विवश कर जबरन सामग्री बेचने, टैक्स चोरी, मांगने पर भी बिल न देने पर डीएम के निर्देश पर संगीन धाराओं में दर्ज हुई थी प्राथमिकी।*
- जीएसटी चोरी, फर्जी प्रकाशन के साथ ही कई किताबों के आईएसबीन नंबर नहीं हुए ट्रैक
- यूनिवर्सल बुक डिपो, नेशनल बुक डिपो, ब्रदर पुस्तक भंडार दुकाने सील
- स्कूलों से गठजोड़ वाली प्रमुख दुकानों जिनकी अभिभावकों से अधिक शिकायतें प्राप्त हो रही थी, पर हुई थी कार्रवाई।
- *चारों प्रतिष्ठानों में विक्रय की जा रही स्कूली किताबों में अनियमितता पाये जाने पर उनके विरूद्ध कोतवाली नगर में पंजीकृत किये गये थे अभियोग।*
- *अभियोग पंजीकृत होने के बाद भी चारों प्रतिष्ठानों द्वारा लगातार किया जा रहा था किताबों का विक्रय*





संवादसूत्र देहरादून: देहरादून क्षेत्रान्तर्गत नेशनल बुक हाउस, एशियन बुक डिपो, ब्रदर्स पुस्तक भण्डार तथा युनिवर्सल बुक डिपो में प्रशासन व राज्य कर विभाग की टीम द्वारा औचक निरीक्षण के दौरान विभिन्न कक्षाओं की पाठय पुस्तकों में ISNB नम्बर व बार कोड न होने तथा अन्य अनियमितताओं मिलने के सम्बन्ध में कोतवाली नगर पर 04 अलग-अलग अभियोग पंजीकृत कराये गये थे।
अभियोग पंजीकृत होने के उपरान्त भी उक्त प्रतिष्ठानों के संचालकों द्वारा लगातार किताबों की बिक्री की जा रही थी, जिसके सम्बन्ध में एसएसपी देहरादून को प्राप्त सूचना पर अपराध की पुनरावृत्ति होने व रोकने हेतु प्रशासनिक टीम गठित करने के सम्बन्ध में जिलाधिकारी देहरादून को रिपोर्ट प्रेषित की गई थी। पुलिस द्वारा प्रेषित रिपोर्ट पर जिलाधिकारी देहरादून द्वारा उक्त चारों प्रतिष्ठानों को सीज करने के आदेश निर्गत किये गये। उक्त निर्देशों के क्रम में आज दिनांक: 01-04-25 को पुलिस तथा प्रशासन की संयुक्त टीम द्वारा उक्त चारों प्रतिष्ठानों को बन्द कराते हुए उन्हें सीज किया गया।

