उत्तराखण्ड
टीएचडीसी टनल हादसा: श्रमिकों की सुरक्षा और हित सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता-मदन कौशिक।

संवादसूत्र देहरादून/चमोली, 15 अगस्त। टीएचडीसी की निर्माणाधीन टनल हादसे के बाद राज्य सरकार प्रभावित श्रमिकों और उनके परिवारों के साथ संवेदनशीलता से खड़ी है। शनिवार को आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास मंत्री मदन कौशिक ने हाट-सियासैण, मायापुर (पीपलकोटी) स्थित टनल में कार्यरत श्रमिकों के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात कर उनकी समस्याएं और मांगें सुनीं।
श्रमिक प्रतिनिधिमंडल ने हादसे के बाद प्रभावित श्रमिकों और उनके परिवारों के सामने उत्पन्न परिस्थितियों से मंत्री को अवगत कराया। उन्होंने प्रभावित परिवारों के लिए उचित आर्थिक सहायता, दीर्घकालिक आजीविका की व्यवस्था और घायल श्रमिकों को आर्थिक सहायता के साथ निःशुल्क उपचार उपलब्ध कराने की मांग की। प्रतिनिधिमंडल ने हादसे की निष्पक्ष जांच की मांग भी रखी।
मंत्री मदन कौशिक ने श्रमिकों की सभी मांगों को गंभीरता से सुनते हुए कहा कि श्रमिकों की सुरक्षा और उनके हित सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में हैं। उन्होंने कहा कि हादसे से प्रभावित श्रमिकों और उनके परिजनों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
मंत्री ने संबंधित अधिकारियों से श्रमिकों की मांगों और मौके पर की जा रही व्यवस्थाओं की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि घायलों के उपचार, प्रभावित परिवारों से समन्वय और उन्हें आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने में किसी भी स्तर पर कमी नहीं रहनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि राहत और बचाव अभियान के साथ प्रभावित श्रमिकों एवं उनके परिजनों की जरूरतों का भी पूरा ध्यान रखा जा रहा है। सरकार का प्रयास है कि संकट की इस घड़ी में प्रभावित परिवारों को आवश्यक सहयोग और राहत समय पर उपलब्ध हो।
इस दौरान थराली विधायक भूपाल राम टम्टा, भाजपा महामंत्री विनोद कनवासी, जिलाधिकारी गौरव कुमार, पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार, अपर जिलाधिकारी विवेक प्रकाश, टीएचडीसी के अधिकारी तथा श्रमिक प्रतिनिधिमंडल के सदस्य मौजूद रहे।




