उत्तराखण्ड
प्रकृति संरक्षण और सुनियोजित शहर का संगम, नया रायपुर में मीडिया दल का भ्रमण।

संवादसूत्र देहरादून: सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, भारत सरकार के अंतर्गत पीआईबी देहरादून की ओर से आयोजित पांच दिवसीय अध्ययन एवं मीडिया एक्सपोजर टूर के चौथे दिन उत्तराखंड के 13 सदस्यीय मीडिया प्रतिनिधिमंडल ने छत्तीसगढ़ के नंदनवन जू एंड सफारी और नया रायपुर का भ्रमण किया। पीआईबी देहरादून के सहायक निदेशक संजीव सुंद्रियाल के नेतृत्व में मीडिया दल ने वन्यजीव संरक्षण, प्राकृतिक आवास और आधुनिक शहरी नियोजन से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी ली।
मीडिया प्रतिनिधिमंडल ने सबसे पहले नवा रायपुर स्थित नंदनवन जू एंड सफारी का भ्रमण किया। करीब 320.15 हेक्टेयर यानी 800 एकड़ में फैले इस परिसर में 50 हेक्टेयर का जू, रेस्क्यू एवं रिहैबिलिटेशन सेंटर और 52.52 हेक्टेयर क्षेत्र में खंडवा डैम शामिल है। इसे केंद्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण की ओर से मध्यम श्रेणी के चिड़ियाघर के रूप में मान्यता प्राप्त है।
नंदनवन की प्रमुख विशेषताओं में यहां विकसित की गई सफारी व्यवस्था शामिल है। करीब 75 एकड़ क्षेत्र में हर्बिवोर सफारी बनाई गई है, जहां सांभर, चीतल, नीलगाय और ब्लैकबक जैसे शाकाहारी वन्यजीवों के लिए प्राकृतिक वातावरण तैयार किया गया है। इसके अलावा भालू, बाघ और शेर के लिए करीब 50-50 एकड़ क्षेत्र में अलग-अलग सफारी विकसित की गई हैं।
जू में 43 प्रजातियों के वन्यजीवों को रखने की व्यवस्था है। इनमें व्हाइट टाइगर, एशियाई शेर, रॉयल बंगाल टाइगर, तेंदुआ, हिमालयन भालू, गौर, सांभर, चीतल, नीलगाय, ब्लैकबक, चिंकारा, घड़ियाल और मगरमच्छ जैसी प्रजातियां शामिल हैं। प्राकृतिक आवास की तर्ज पर विकसित बाड़ों के साथ करीब 2.2 किलोमीटर का सड़क नेटवर्क भी बनाया गया है।
मीडिया दल ने नंदनवन में वन्यजीव संरक्षण, रेस्क्यू एवं रिहैबिलिटेशन की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। अधिकारियों ने बताया कि नंदनवन का उद्देश्य पर्यटन के साथ वन्यजीव संरक्षण, शोध, रेस्क्यू किए गए वन्यजीवों की देखभाल और पर्यावरण के प्रति जनजागरूकता को बढ़ावा देना भी है।
इसके बाद प्रतिनिधिमंडल ने नया रायपुर का भ्रमण किया। यहां मीडिया प्रतिनिधियों ने योजनाबद्ध तरीके से विकसित हो रहे आधुनिक शहर की संरचना और आधारभूत सुविधाओं को करीब से समझा। चौड़ी सड़कें, व्यवस्थित परिवहन नेटवर्क, हरित क्षेत्र, प्रशासनिक एवं संस्थागत भवन तथा आवासीय और व्यावसायिक क्षेत्रों की सुनियोजित व्यवस्था शहर की प्रमुख विशेषताओं में शामिल है।
प्रतिनिधिमंडल को बताया गया कि नया रायपुर को पुराने शहर के विस्तार के बजाय एक नियोजित नए शहरी क्षेत्र के रूप में विकसित किया गया है। इसकी योजना में सड़क और परिवहन नेटवर्क के साथ हरित क्षेत्रों तथा सार्वजनिक सुविधाओं को भी महत्व दिया गया है। मीडिया दल ने शहरी नियोजन, आधारभूत ढांचे और पर्यावरणीय संतुलन से जुड़े पहलुओं की जानकारी ली।
पांच दिवसीय मीडिया एक्सपोजर टूर के तहत हुआ यह भ्रमण उत्तराखंड के पत्रकारों के लिए वन्यजीव संरक्षण से लेकर आधुनिक शहरी नियोजन तक विभिन्न विकास अवधारणाओं को जमीनी स्तर पर देखने और समझने का अवसर रहा।




