उत्तराखण्ड
उत्तराखंड कैबिनेट के 26 फैसले: एकल नारी सम्मान योजना को मंजूरी, दिव्यांग विद्यार्थियों को परीक्षा में 5 अंक की छूट।

संवादसूत्र देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में गुरुवार को सचिवालय में हुई कैबिनेट बैठक में 26 प्रस्तावों पर निर्णय लिए गए। बैठक में निराश्रित महिलाओं के लिए मुख्यमंत्री एकल नारी सम्मान योजना को मंजूरी देने के साथ ही दिव्यांग विद्यार्थियों को उत्तराखंड बोर्ड की परीक्षाओं में पांच अंकों की छूट देने का निर्णय लिया गया। इसके अलावा आगामी विधानसभा सत्र में 7,412 करोड़ रुपये का अनुपूरक बजट पेश करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई।
कैबिनेट ने अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के विद्यार्थियों को निशुल्क कोचिंग देने के लिए परिवार की वार्षिक आय सीमा दो लाख रुपये से बढ़ाकर आठ लाख रुपये करने का निर्णय लिया। इससे अधिक आय सीमा के कारण योजना का लाभ नहीं ले पाने वाले पात्र विद्यार्थियों को राहत मिलेगी।
कैबिनेट में लिए गए 26 फैसले:
- 1.लोक निर्माण विभाग में सड़क एवं सेतु निर्माण की स्वीकृति प्रक्रिया का सरलीकरण
लोक निर्माण विभाग के अंतर्गत सड़क एवं सेतु निर्माण कार्यों की स्वीकृति प्रक्रिया में बदलाव को मंत्रिमंडल ने सहमति प्रदान की। वर्तमान में द्वितीय चरण के अंतर्गत अलग-अलग स्टेज में पहाड़ कटान, सुरक्षा दीवारों, पुलिया, नालियों एवं अन्य कार्यों की स्वीकृति दी जाती है। नई व्यवस्था में द्वितीय चरण के सभी कार्य एक ही स्टेज में स्वीकृत किए जाएंगे। इससे पहाड़ कटान के बाद आवश्यक सुरक्षात्मक कार्य समय पर कराए जा सकेंगे और मार्गों को होने वाली क्षति कम होगी।
- समान नागरिक संहिता (संशोधन) नियमावली, 2026
समान नागरिक संहिता, उत्तराखण्ड (संशोधन) अधिनियम, 2026 के प्रावधानों को लागू करने के लिए समान नागरिक संहिता (संशोधन) नियमावली, उत्तराखण्ड, 2026 को अधिसूचित किए जाने का प्रस्ताव। इसके माध्यम से मूल संहिता के कुछ प्रावधानों के क्रियान्वयन में आ रही व्यावहारिक कठिनाइयों और लिपिकीय त्रुटियों का समाधान किया जाएगा।
- चार हजार करोड़ से अधिक के अनुपूरक बजट स्वीकृत।
- राज्य कर अधिकारी सेवा नियमावली में संशोधन
उत्तराखण्ड राज्य कर अधिकारी सेवा नियमावली, 2009 में भर्ती के स्रोत और आयुसीमा से संबंधित प्रावधानों में संशोधन का प्रस्ताव। इसके लिए उत्तराखण्ड राज्य कर अधिकारी सेवा (द्वितीय संशोधन) नियमावली, 2026 प्रख्यापित की जाएगी।
- 5.दिव्यांग विद्यार्थियों को बोर्ड परीक्षाओं में उत्तीर्ण अंकों में 5 प्रतिशत की छूट
मंत्रिमंडल ने बौद्धिक दिव्यांगता, मानसिक अस्वस्थता, ऑटिज्म स्पेक्ट्रम डिसऑर्डर, सेरेब्रल पाल्सी एवं विशेष अधिगम अक्षमता से संबंधित दिव्यांग विद्यार्थियों को उत्तराखण्ड विद्यालयी शिक्षा परिषद की परीक्षाओं में उत्तीर्ण अंकों में 5 प्रतिशत की छूट देने के लिए संबंधित विनियमों में संशोधन को मंजूरी दी। इससे इन श्रेणियों के विद्यार्थियों को 28 प्रतिशत अंक प्राप्त करने पर उत्तीर्ण माना जाएगा।
- प्रदेश के 13 जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थानों के ढांचे का पुनर्गठन
प्रदेश के सभी 13 जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थानों (डायट) के ढांचे का पुनर्गठन करने का निर्णय। प्रत्येक डायट में वर्तमान 48 पदों को घटाकर 44 किया जाएगा। वरिष्ठ प्रवक्ता के एक पद को उप प्राचार्य के पद पर उच्चीकृत करने के साथ ही मुख्य प्रशासनिक अधिकारी और प्रशासनिक अधिकारी के एक-एक नवीन पद का सृजन किया जाएगा। कुछ अन्य पद समाप्त किए जाएंगे तथा कतिपय पदों के पदनाम बदले जाएंगे।
- 7.हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर में केंद्रीकृत किचन से मध्याह्न भोजन की व्यवस्था
पीएम पोषण योजना के अंतर्गत हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर जनपदों में अन्नामृता फाउंडेशन को केंद्रीकृत किचन की स्थापना के लिए भूमि आवंटित करने और इसके माध्यम से पका-पकाया भोजन उपलब्ध कराने का प्रस्ताव। इस व्यवस्था के अंतर्गत चयनित विद्यालयों में कक्षा 1 से 8 तक के विद्यार्थियों को मध्याह्न भोजन उपलब्ध कराया जाएगा।
- 8.एक जिला एक खेल योजना के अंतर्गत 14 मुख्य प्रशिक्षकों की तैनाती
प्रदेश में एक जिला एक खेल योजना के संचालन के लिए प्रत्येक जनपद में एक-एक तथा खेल निदेशालय में एक, कुल 14 मुख्य प्रशिक्षकों की तैनाती का प्रस्ताव। मुख्य प्रशिक्षकों को भारतीय खेल प्राधिकरण द्वारा निर्धारित योग्यता एवं अनुभव के आधार पर तीन वर्ष के लिए संविदा पर रखा जाएगा। इनके लिए ₹1.45 लाख का नियत मानदेय प्रस्तावित है। इसके साथ ही 38वें राष्ट्रीय खेलों के अंतर्गत विकसित खेल अवस्थापना सुविधाओं के उपयोग और स्थानीय स्तर पर लोकप्रिय खेलों को ध्यान में रखते हुए जनपदवार खेलों का आवंटन किया जाएगा।
- 9. पुरस्कार प्राप्त खिलाड़ियों को परिवहन निगम की बसों में निःशुल्क यात्रा
राष्ट्रीय एवं राज्य स्तर पर पुरस्कार प्राप्त खिलाड़ियों को उत्तराखण्ड परिवहन निगम की बसों में निःशुल्क यात्रा की सुविधा उपलब्ध कराने का प्रस्ताव। यह व्यवस्था मुख्यमंत्री की घोषणा संख्या 344/2022 के क्रियान्वयन के लिए प्रस्तावित की गई है।
- 10.उत्तराखण्ड सिविल विधि (संशोधन) विधेयक, 2026
सिविल प्रक्रिया संहिता, 1908 की धारा 115 तथा बंगाल, आगरा और आसाम सिविल न्यायालय अधिनियम, 1887 की धारा 19 एवं 21 में संशोधन के लिए उत्तराखण्ड सिविल विधि (संशोधन) विधेयक, 2026 लाने का प्रस्ताव।
- 11.उत्तराखण्ड मानवाधिकार आयोग की वार्षिक रिपोर्ट 2019-22
उत्तराखण्ड मानवाधिकार आयोग की वार्षिक रिपोर्ट 2019-22 तथा आयोग की संस्तुतियों पर विभिन्न विभागों द्वारा की गई कार्रवाई का विवरण मंत्रिमंडल के अनुमोदन के लिए प्रस्तुत। रिपोर्ट के अनुसार कुल 16,388 वाद संस्थित हुए, जिनमें से 15,075 का निस्तारण किया जा चुका है। रिपोर्ट को संबंधित प्रावधानों के अनुसार राज्य विधानमंडल के पटल पर प्रस्तुत किया जाना है।
- 12. निजी विश्वविद्यालय अधिनियम में संशोधन, दो नए विश्वविद्यालयों को अनुसूची में शामिल करने का प्रस्ताव
उत्तराखण्ड निजी विश्वविद्यालय अधिनियम, 2023 में संशोधन कर निजी विश्वविद्यालयों की स्थापना के लिए राज्य सरकार के पक्ष में जमा की जाने वाली स्थायी विन्यास निधि की व्यवस्था समाप्त करने का प्रस्ताव। इसके साथ ही हरिद्वार जनपद के रुड़की में आरोग्यम विश्वविद्यालय तथा बी.एस.एम. विश्वविद्यालय को अधिनियम की अनुसूची-2 में सम्मिलित किए जाने का प्रस्ताव है। इसके लिए उत्तराखण्ड निजी विश्वविद्यालय (द्वितीय संशोधन) विधेयक, 2026 लाया जाएगा।
- 13. श्रीमती मंजीरा देवी विश्वविद्यालय के परिनियम, 2026
जनपद उत्तरकाशी स्थित श्रीमती मंजीरा देवी विश्वविद्यालय के संचालन एवं संबंधित व्यवस्थाओं के नियमन के लिए उत्तराखण्ड निजी विश्वविद्यालय अधिनियम, 2023 की धारा 36 के अंतर्गत श्रीमती मंजीरा देवी विश्वविद्यालय परिनियम, 2026 प्रख्यापित किए जाने का प्रस्ताव।
- 14. आई.एम.एस. यूनिसन विश्वविद्यालय के परिनियम, 2026
देहरादून स्थित आई.एम.एस. यूनिसन विश्वविद्यालय के संचालन एवं संबंधित व्यवस्थाओं के नियमन के लिए उत्तराखण्ड निजी विश्वविद्यालय अधिनियम, 2023 की धारा 36 के अंतर्गत आई.एम.एस. यूनिसन विश्वविद्यालय परिनियम, 2026 प्रख्यापित किए जाने का प्रस्ताव।
- 15. उत्तराखण्ड माल और सेवा कर (संशोधन) अध्यादेश, 2026 को विधेयक के रूप में लाने का प्रस्ताव
केंद्रीय माल और सेवा कर अधिनियम, 2017 में हुए संशोधनों के अनुरूप उत्तराखण्ड माल और सेवा कर अधिनियम, 2017 में संशोधन के लिए 3 सितम्बर, 2026 को प्रख्यापित उत्तराखण्ड माल और सेवा कर (संशोधन) अध्यादेश, 2026 को विधेयक के रूप में पुरःस्थापित किया जाएगा।
- 16. वित्तीय डाटा सेंटर के तकनीकी संवर्ग का पुनर्गठन
निदेशालय, कोषागार, पेंशन एवं हकदारी के अंतर्गत संचालित वित्तीय डाटा सेंटर के तकनीकी संवर्ग का पुनर्गठन करने का प्रस्ताव। इसके अंतर्गत पदों के वेतनमान उच्चीकरण, पदनाम परिवर्तन, भर्ती के स्रोत में बदलाव तथा नए पदों के सृजन की व्यवस्था की जाएगी। आउटसोर्स कार्मिकों को प्रारंभ में अधिकतम तीन वर्ष के लिए सेवा प्रदाता के माध्यम से रखा जाएगा। आवश्यकता के अनुसार यह अवधि दो वर्ष और बढ़ाई जा सकेगी। इसके बाद निविदा प्रक्रिया के माध्यम से सेवा प्रदाता का चयन किया जाएगा।
- 17. विभागीय लेखा निदेशालय में कनिष्ठ सहायक के पांच नए पदों का विस्तार।
निदेशालय, विभागीय लेखा के ढांचे में चार पदों को समर्पित कर कनिष्ठ सहायक के पांच नए पद सृजित करने का प्रस्ताव। इसके अंतर्गत वरिष्ठ वैयक्तिक सहायक का एक पद, वैयक्तिक सहायक के दो पद तथा प्रोग्रामर का एक पद समर्पित किया जाएगा। इसके स्थान पर वेतन लेवल-3 में कनिष्ठ सहायक के पांच नवीन पद सृजित किए जाएंगे।
- 18. लंबित स्टाम्प वादों के निस्तारण के लिए वन टाइम सेटलमेंट योजना
प्रदेश में लंबित स्टाम्प वादों के त्वरित निस्तारण के लिए एकमुश्त निपटारा अर्थात वन टाइम सेटलमेंट (ओटीएस) समाधान योजना लागू करने का निर्णय। इसका उद्देश्य स्टाम्प वादों का शीघ्र एवं पारदर्शी निस्तारण, राजस्व की वसूली तथा पक्षकारों को ब्याज एवं अर्थदण्ड की देयता में राहत प्रदान करना है। वित्तीय वर्ष 2026-27 में स्टाम्प कलेक्टर एवं राजस्व परिषद के न्यायालयों में लगभग 3,600 स्टाम्प वाद लंबित हैं।
- 19. प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के समूह ‘ग’ एवं ‘घ’ कार्मिकों की सेवा विनियमावली।
उत्तराखण्ड प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड में समूह ‘ग’ एवं ‘घ’ के पदों पर कार्यरत कार्मिकों की सेवा शर्तों के निर्धारण के लिए उत्तराखण्ड प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड समूह ‘ग’ एवं ‘घ’ सेवा विनियमावली, 2026 प्रख्यापित करने का प्रस्ताव।
- 20. राज्य बांध सुरक्षा संगठन की वार्षिक रिपोर्ट विधानसभा में प्रस्तुत होगी
राज्य बांध सुरक्षा संगठन, उत्तराखण्ड द्वारा तैयार वर्ष 2024-25 की वार्षिक रिपोर्ट विधानसभा के समक्ष प्रस्तुत किए जाने का प्रस्ताव। इस रिपोर्ट में राज्य बांध सुरक्षा संगठन के अधिकार क्षेत्र में आने वाले 21 बांधों की सुरक्षा स्थिति का विवरण शामिल है।
- 21.उरेडा के कनिष्ठ अभियंताओं का वेतनमान उच्चीकृत
उत्तराखण्ड अक्षय ऊर्जा विकास अभिकरण (उरेडा) में कनिष्ठ अभियंताओं का वेतनमान उच्चीकृत करने के प्रस्ताव पर मंत्रिमंडल द्वारा निर्णय लिया गया। इसके अंतर्गत वर्तमान ग्रेड पे ₹4,200, वेतन लेवल-6 से बढ़ाकर ग्रेड पे ₹4,600, वेतन लेवल-7 किया जाएगा। सातवें वेतनमान के अनुसार वर्तमान वेतनमान ₹35,400–1,12,400 से बढ़कर ₹44,900–1,42,400 होगा। उच्चीकरण तत्काल प्रभाव से प्रस्तावित है।
- 22. उत्तराखण्ड एडवेंचर टूरिज्म कॉर्पोरेशन लिमिटेड के गठन का प्रस्ताव
प्रदेश में साहसिक एवं पर्यावरणीय पर्यटन के नियोजित, सुरक्षित और सतत विकास के लिए उत्तराखण्ड एडवेंचर टूरिज्म कॉर्पोरेशन लिमिटेड के गठन का प्रस्ताव। उत्तराखण्ड पर्यटन विकास बोर्ड (UTDB) तथा उत्तराखण्ड निवेश एवं आधारिक संरचना विकास बोर्ड (UIIDB) के संयुक्त उपक्रम के रूप में विशेष प्रयोजन वाहन (SPV) कंपनी गठित की जाएगी। इसका गठन कंपनी अधिनियम, 2013 के अंतर्गत प्रस्तावित है।
- 23. भरण-पोषण अनुदान योजना का नाम ‘मुख्यमंत्री एकल नारी सम्मान योजना’ करने का प्रस्ताव
निराश्रित विधवा महिलाओं, परित्यक्ता विवाहित महिलाओं तथा निराश्रित अविवाहित महिलाओं के लिए संचालित भरण-पोषण अनुदान योजना का नाम संशोधित कर ‘मुख्यमंत्री एकल नारी सम्मान योजना’ किए जाने का प्रस्ताव। यह प्रस्ताव मंत्रिमंडल द्वारा पूर्व में लिए गए निर्णय के क्रम में लाया गया है।
- 24. अनुसूचित जाति एवं जनजाति के विद्यार्थियों की निःशुल्क कोचिंग योजना में आय सीमा बढ़ेगी
समाज कल्याण विभाग के अंतर्गत अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के विद्यार्थियों के लिए संचालित निःशुल्क कोचिंग योजना में पारिवारिक वार्षिक आय सीमा ₹2 लाख से बढ़ाकर ₹8 लाख करने का प्रस्ताव। इससे अधिक संख्या में पात्र विद्यार्थी प्रतियोगी परीक्षाओं की निःशुल्क कोचिंग सुविधा का लाभ प्राप्त कर सकेंगे।
- 25. खटीमा का राजकीय आश्रम पद्धति बालिका विद्यालय हाईस्कूल स्तर तक उच्चीकृत होगा
ऊधमसिंह नगर जनपद के खटीमा स्थित राजकीय आश्रम पद्धति बालिका आवासीय विद्यालय को कक्षा 8 से उच्चीकृत कर कक्षा 10 तक संचालित करने का प्रस्ताव। इसके लिए अधीक्षक का एक पद समर्पित करते हुए सहायक अध्यापक एल.टी. संवर्ग के चार तथा प्रधानाचार्य का एक नवीन पद सृजित किया जाएगा। इस प्रकार विद्यालय में कुल 21 पद होंगे। इससे मुख्यमंत्री की घोषणा संख्या 256/2022 की पूर्ति होगी।
- 26. ‘जन्नासरी’ के स्थान पर ‘जौनसारी’ शब्द संशोधित कराने के लिए केंद्र सरकार को संस्तुति
उत्तर प्रदेश पुनर्गठन अधिनियम, 2000 की छठी अनुसूची में अनुसूचित जनजाति के नाम के रूप में अंकित ‘जन्नासरी’ (Jannsari) को ‘जौनसारी’ (Jaunsari) करने के लिए भारत सरकार को संस्तुति भेजने संबंधी प्रस्ताव पर विचलन से अनुमोदन दिया गया है। इस अनुमोदन से मंत्रिमंडल को अवगत कराया जाना है। वर्ष 1967 के भारत सरकार के राजपत्र में जनजाति का नाम ‘जौनसारी’ अंकित है, जबकि पुनर्गठन अधिनियम में अलग वर्तनी होने के कारण संबंधित जनजाति के लोगों को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।



