उत्तराखण्ड
नकल माफिया पर लगाम से भर्ती प्रक्रिया पारदर्शी, 35 हजार युवाओं को मिली नौकरी।

संवादसूत्र देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को देहरादून में आईएसबीटी के निकट एक होटल में आयोजित ‘उत्तराखंड उदय कॉन्क्लेव’ में प्रतिभाग किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने विभिन्न विषयों पर पूछे गए सवालों के जवाब देते हुए राज्य सरकार की उपलब्धियों, महत्वपूर्ण निर्णयों और विकास कार्यों की जानकारी दी।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि प्रदेश के युवाओं का भविष्य सुरक्षित करना और उन्हें रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। राज्य में सख्त नकल विरोधी कानून लागू कर भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित की गई है। पिछले पांच वर्षों में 35 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियां प्रदान की गई हैं। उन्होंने कहा कि सरकार का संकल्प है कि युवाओं को उनकी मेहनत और योग्यता के आधार पर रोजगार के अवसर मिलें।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड समान नागरिक संहिता लागू करने वाला देश का पहला राज्य बना है। यह महिला सशक्तीकरण और समान अधिकारों की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। समान नागरिक संहिता से महिलाओं के अधिकारों को कानूनी मजबूती मिली है। सरकार महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के लिए रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ने के साथ उनकी आजीविका बढ़ाने के लिए विभिन्न योजनाएं संचालित कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है। भ्रष्टाचार की शिकायतों के लिए टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 1064 की व्यवस्था की गई है। इसके माध्यम से नागरिक भ्रष्टाचार से जुड़ी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि शासन-प्रशासन में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिकता है तथा भ्रष्टाचार में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।
चारधाम यात्रा का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इस वर्ष यात्रा में 59 लाख से अधिक श्रद्धालु पहुंच चुके हैं। यह उत्तराखंड के प्रति लोगों की आस्था और विश्वास को दर्शाता है। सरकार श्रद्धालुओं की सुरक्षित और सुगम यात्रा सुनिश्चित करने के लिए सड़क, स्वास्थ्य, यातायात और सुरक्षा सुविधाओं को बेहतर बनाने पर काम कर रही है। इसके साथ ही अन्य धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों को प्रोत्साहित कर स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और स्वरोजगार के अवसर बढ़ाए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में उत्तराखंड विकास के पथ पर आगे बढ़ रहा है। ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास’ के मंत्र के अनुरूप समाज के प्रत्येक वर्ग तक विकास योजनाओं का लाभ पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ की भावना देश की एकता, अखंडता और सांस्कृतिक विरासत को मजबूत करती है। उत्तराखंड भी अपनी समृद्ध संस्कृति और परंपराओं को संरक्षित रखते हुए विकास की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य विकास का लाभ समाज के अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचाना है। युवाओं के लिए रोजगार, महिलाओं का आर्थिक सशक्तीकरण, पर्यटन का विस्तार तथा शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जनसहभागिता और सामूहिक प्रयासों के माध्यम से उत्तराखंड को देश के अग्रणी राज्यों में शामिल करने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है।



