उत्तराखण्ड
आईएमसी खुरपिया को औद्योगिक विकास का बड़ा केंद्र बनाने पर जोर, दिसंबर 2028 तक ट्रंक इंफ्रास्ट्रक्चर पूरा करने का लक्ष्य।

संवादसूत्र देहरादून, 17 अगस्त। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को मुख्यमंत्री आवास से नई दिल्ली में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता में आयोजित राष्ट्रीय औद्योगिक कॉरिडोर विकास एवं कार्यान्वयन ट्रस्ट (एनआईसीडीआईटी) की तृतीय शीर्ष मॉनिटरिंग बैठक में वर्चुअल प्रतिभाग किया। बैठक में देशभर में औद्योगिक कॉरिडोर से जुड़ी परियोजनाओं की प्रगति और आधारभूत सुविधाओं के विकास की समीक्षा की गई।
बैठक में मुख्यमंत्री ने उत्तराखंड में विकसित किए जा रहे इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर (आईएमसी), खुरपिया की प्रगति की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार आईएमसी खुरपिया को प्रदेश के औद्योगिक विकास का महत्वपूर्ण केंद्र बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। परियोजना का निर्माण कार्य समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा करना सरकार की प्राथमिकता है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि परियोजना के लिए निर्धारित 1,002 एकड़ भूमि पूरी तरह एनयूआईटीएल के कब्जे में है और वर्तमान में परियोजना स्थल पर किसी प्रकार की बाधा नहीं है। आईएमसी खुरपिया के विकास के लिए 20 मार्च 2026 को ईपीसी अनुबंध किया जा चुका है और निर्माण कार्य शुरू हो गया है। परियोजना के तहत 24.1 किलोमीटर राइट ऑफ वे (आरओडब्ल्यू) को क्लियर कर ठेकेदार को उपलब्ध करा दिया गया है।
सड़क और विद्युत कनेक्टिविटी पर विशेष जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी बड़े औद्योगिक क्लस्टर की सफलता के लिए मजबूत सड़क कनेक्टिविटी और निर्बाध विद्युत आपूर्ति जरूरी है। इसी को ध्यान में रखते हुए आईएमसी खुरपिया की बाहरी अवसंरचना के विकास पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि नागला-किच्छा राज्य राजमार्ग-44 के करीब 10.7 किलोमीटर हिस्से को फोरलेन करने के लिए आवश्यक कार्रवाई की जा रही है। इसके अलावा परियोजना की विद्युत आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए 400/220 केवी विद्युत उपकेंद्र के निर्माण की दिशा में पिटकुल द्वारा आवश्यक कार्यवाही और समन्वय किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आईएमसी खुरपिया के ट्रंक इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़े कार्य दिसंबर 2028 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने अधिकारियों को परियोजना की लगातार निगरानी करने और विभिन्न विभागों के बीच प्रभावी समन्वय के साथ निर्माण कार्यों में गति एवं गुणवत्ता बनाए रखने के निर्देश दिए।
धामी ने कहा कि आईएमसी खुरपिया उत्तराखंड में औद्योगिक निवेश बढ़ाने, स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा करने और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई गति देने की दृष्टि से महत्वपूर्ण परियोजना है। सरकार का प्रयास है कि परियोजना के विकास के साथ स्थानीय युवाओं को रोजगार और कौशल विकास के अवसर भी मिलें।
मुख्यमंत्री ने भारत सरकार तथा एनआईसीडीआईटी/एनआईसीडीसी से जुड़े विशेष प्रयोजन माध्यम से परियोजना के समयबद्ध क्रियान्वयन के लिए आवश्यक सहयोग और समन्वय की अपेक्षा की। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के संयुक्त प्रयासों से आईएमसी खुरपिया को आधुनिक, प्रतिस्पर्धी और निवेश-अनुकूल औद्योगिक केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार परियोजना से जुड़े सभी राज्य स्तरीय मामलों के समाधान के लिए तत्पर है और किसी भी स्तर पर अनावश्यक विलंब नहीं होने दिया जाएगा। आईएमसी खुरपिया आने वाले समय में उत्तराखंड में निवेश, रोजगार और आर्थिक गतिविधियों का महत्वपूर्ण केंद्र बनेगा।इस अवसर पर सचिव विनय शंकर पाण्डेय भी उपस्थित रहे।




