उत्तराखण्ड
‘खेत बचाओ अभियान’ का शुभारंभ, किसानों के लिए केंद्र की बड़ी सौगात।

संवादसूत्र देहरादून/रुद्रपुर: गांधी मैदान, रुद्रपुर में कृषि विभाग द्वारा आयोजित ‘खेत बचाओ अभियान’ का शुक्रवार को केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, कृषि एवं कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी तथा जनपद प्रभारी मंत्री एवं परिवहन मंत्री प्रदीप बत्रा ने दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया। इस अवसर पर कुल ₹369.66 करोड़ की विकास योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया गया। इनमें ₹46.32 करोड़ की लागत से निर्मित 9 विकास कार्यों का लोकार्पण तथा ₹323.34 करोड़ की लागत के 32 विकास कार्यों का शिलान्यास शामिल है।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि खेत बचेंगे तो जमीन बचेगी, जमीन बचेगी तो पृथ्वी बचेगी और पृथ्वी बचेगी तो जीवन सुरक्षित रहेगा। उन्होंने किसानों से मृदा संरक्षण, संतुलित उर्वरक उपयोग और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण का आह्वान करते हुए कहा कि भूमि केवल उत्पादन का साधन नहीं, बल्कि हमारी धरती माता है, जिसकी रक्षा करना हम सभी का दायित्व है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत चावल उत्पादन में विश्व में प्रथम स्थान पर पहुंच चुका है और कृषि क्षेत्र में लगातार नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है। जलवायु परिवर्तन की चुनौती का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि उत्तराखंड कृषि एवं बागवानी के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है और निकट भविष्य में हॉर्टिकल्चर हब के रूप में नई पहचान बनाएगा। इस दिशा में केंद्र सरकार हरसंभव सहयोग देगी।
केंद्रीय मंत्री ने किसानों के हित में कई महत्वपूर्ण घोषणाएं भी कीं। उन्होंने बताया कि सेब, अखरोट और बादाम के उच्च गुणवत्ता वाले पौधों के उत्पादन के लिए मुक्तेश्वर में ₹100 करोड़ की लागत से क्लीन प्लांट सेंटर स्थापित किया जाएगा। बड़ी नर्सरी स्थापित करने वालों को ₹4 करोड़ और छोटी नर्सरी के लिए ₹2 करोड़ तक की सहायता दी जाएगी। इसके अलावा चौबटिया (अल्मोड़ा) में ₹15 करोड़ की लागत से सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित किया जाएगा। न्यूजीलैंड के सहयोग से उत्तराखंड में कीवी उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए ₹15 करोड़ की विशेष कार्ययोजना भी तैयार की जा रही है।
उन्होंने घोषणा की कि जंगली जानवरों से फसलों की सुरक्षा के लिए घेरबाड़ (फेंसिंग) कार्य हेतु ₹65 करोड़ उपलब्ध कराए जाएंगे। साथ ही प्रदेश में ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन स्थापित करने के लिए ₹104 करोड़ की धनराशि स्वीकृत की जाएगी, जिससे किसानों को मौसम की सटीक जानकारी समय पर मिल सकेगी और प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना का लाभ अधिक प्रभावी ढंग से प्राप्त होगा।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि स्वस्थ किसान, स्वस्थ मिट्टी और स्वस्थ कृषि व्यवस्था ही विकसित भारत और विकसित उत्तराखंड की मजबूत नींव है। उन्होंने कहा कि “खेत बचाओ अभियान” केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य का जनआंदोलन है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, प्राकृतिक खेती, कृषि अवसंरचना और डिजिटल कृषि मिशन जैसी योजनाओं से किसानों को व्यापक लाभ मिल रहा है। उन्होंने किसानों से नियमित मृदा परीक्षण कराने, वैज्ञानिक सलाह के अनुसार उर्वरकों का उपयोग करने तथा प्राकृतिक एवं जैविक खेती अपनाने का आग्रह किया।
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार किसानों को ₹3 लाख तक का ब्याजमुक्त कृषि ऋण उपलब्ध करा रही है। नहरों से सिंचाई की सुविधा निःशुल्क दी जा रही है तथा फार्म मशीनरी बैंक योजना के अंतर्गत कृषि यंत्रों पर 80 प्रतिशत तक अनुदान दिया जा रहा है। पर्वतीय क्षेत्रों में वर्षा आधारित खेती को मजबूत करने के लिए रेनफेड फार्मिंग परियोजना भी स्वीकृत की गई है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पॉलीहाउस, कोल्ड स्टोरेज, कोल्ड चेन, सीए स्टोरेज और मेगा फूड पार्क जैसी आधुनिक सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है, ताकि किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य मिल सके। साथ ही स्थानीय कृषि उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजार उपलब्ध कराने के लिए भी लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
कृषि मंत्री गणेश जोशी ने सभी अतिथियों एवं किसानों का स्वागत करते हुए घेरबाड़ के लिए ₹65 करोड़, जैविक खेती के लिए ₹10 करोड़ की सहायता तथा मंडुवा और झंगोरा के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) घोषित करने का अनुरोध किया।
कार्यक्रम में सांसद अजय भट्ट, विधायक शिव अरोरा, त्रिलोक सिंह चीमा, बंशीधर भगत, जिला पंचायत अध्यक्ष अजय मौर्य, मेयर विकास शर्मा, दीपक बाली, दर्जा मंत्री अनिल कपूर डब्बू, हुकम सिंह कुंवर, रणजीत सिंह नामधारी, उत्तम दत्ता, जिलाध्यक्ष कमल जिंदल, मनोज पाल, सचिव डॉ. एस.एन. पांडे, जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति, मुख्य विकास अधिकारी दिवेश शासनी, अपर जिलाधिकारी कौस्तुभ मिश्रा, पंकज उपाध्याय सहित अनेक जनप्रतिनिधि, अधिकारी, कृषक एवं आमजन उपस्थित रहे।




