उत्तराखण्ड
खिलाड़ियों के डाटा की सुरक्षा पर उठे सवाल, कंपनी पर पोर्टल-ऐप के लॉगिन बदलने का आरोप।

संवादसूत्र देहरादून: राष्ट्रीय खेलों के दौरान खेल विभाग की ओर से खेब टेक स्ट्राटेजी प्राइवेट लिमिटेड को पोर्टल और ऐप विकसित करने का काम दिए जाने के बाद अब खिलाड़ियों के डाटा की सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं। बताया जा रहा है कि पोर्टल और ऐप को आईटीडीए के सर्वर पर अपलोड किया जाना था, लेकिन इससे पहले ही कंपनी की ओर से यूजर आईडी और पासवर्ड आदि बदल दिए गए। ऐसे में पोर्टल पर उपलब्ध खिलाड़ियों के डाटा की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
जानकारी के मुताबिक, कंपनी के पास इस समय साढ़े तीन लाख से अधिक खिलाड़ियों का डाटा बताया जा रहा है। इसमें मुख्यमंत्री सीएम चैंपियंस ट्रॉफी के लिए आवेदन करने वाले खिलाड़ियों का डाटा भी शामिल है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने एक सितंबर को सीएम चैंपियंस ट्रॉफी का उद्घाटन किया था। इस योजना के लिए करीब 3.50 लाख खिलाड़ियों ने आवेदन किया है।
इसके अलावा मुख्यमंत्री उदीयमान खिलाड़ी उन्नयन खेल छात्रवृत्ति योजना से संबंधित डाटा भी कंपनी के पास होने की बात सामने आ रही है। इस योजना के तहत पिछले वर्ष करीब 3900 खिलाड़ियों को लगभग 11.25 करोड़ रुपये की छात्रवृत्ति वितरित की गई थी। इस वर्ष योजना के लिए भी खिलाड़ियों का डाटा पोर्टल पर दर्ज किया गया है।
पोर्टल और ऐप को आईटीडीए के सर्वर पर स्थानांतरित किए जाने से पहले लॉगिन संबंधी जानकारी बदलने के मामले के बाद खिलाड़ियों के डाटा के संभावित चोरी और दुरुपयोग की आशंका जताई जा रही है। मामला सामने आने के बाद डाटा की सुरक्षा और पोर्टल की पहुंच को लेकर विभागीय स्तर पर भी सवाल खड़े हो गए हैं।




