उत्तराखण्ड
सीएम ने किया मेधावी छात्रों का सम्मान, बोले— संस्कारयुक्त शिक्षा से बनेगा विकसित भारत।

संवादसूत्र देहरादून: रुड़की में विद्या भारती अखिल भारतीय शिक्षण संस्थान, उत्तराखंड द्वारा आयोजित प्रतिभा सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हाईस्कूल और इंटरमीडिएट बोर्ड परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि परिश्रम, अनुशासन और संस्कार के बल पर हर लक्ष्य हासिल किया जा सकता है तथा यह सम्मान विद्यार्थियों को भविष्य में और बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करेगा।
मुख्यमंत्री ने विद्या भारती की शिक्षा और संस्कार आधारित व्यवस्था की सराहना करते हुए कहा कि संगठन आज देशभर में करीब 45 लाख विद्यार्थियों तथा उत्तराखंड में 562 विद्यालयों के माध्यम से लगभग सवा लाख छात्रों को शिक्षा प्रदान कर रहा है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने सबसे पहले नई शिक्षा नीति लागू कर शिक्षा को आधुनिक, रोजगारपरक और व्यावहारिक बनाया है। स्मार्ट क्लास, आईटी लैब, छात्रावास, मेधावी छात्र प्रोत्साहन योजना और ‘कौशलम्’ जैसे कार्यक्रम युवाओं के भविष्य को मजबूत कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में लागू देश के सबसे कठोर नकल विरोधी कानून से भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता आई है और पिछले पांच वर्षों में 34 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियां मिली हैं। उन्होंने विद्यार्थियों का आह्वान किया कि वे ज्ञान, संस्कार और राष्ट्रभक्ति के बल पर विकसित भारत के निर्माण में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने आनंद स्वरूप आर्य सरस्वती विद्या मंदिर शिशु वाटिका का लोकार्पण भी किया।




