उत्तराखण्ड
हरिद्वार में विजिलेंस की बड़ी कार्रवाई, रिश्वत लेते जिला पूर्ति अधिकारी व सहायक गिरफ्तार।

संवादसूत्र देहरादून/हरिद्वार: प्रदेश में भ्रष्टाचार के विरुद्ध चल रहे सख्त अभियान के तहत विजिलेंस विभाग की टीम ने हरिद्वार जनपद में बड़ी कार्रवाई करते हुए जिला पूर्ति अधिकारी एवं उनके सहायक को ₹50,000 की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार जिला पूर्ति कार्यालय, हरिद्वार से जुड़े अधिकारियों की रिश्वतखोरी को लेकर लंबे समय से शिकायतें प्राप्त हो रही थीं। शिकायतों के सत्यापन के बाद विजिलेंस टीम ने योजनाबद्ध तरीके से जाल बिछाकर यह कार्रवाई की। गिरफ्तारी के उपरांत दोनों आरोपियों से कार्यालय परिसर में ही पूछताछ की जा रही है। साथ ही संबंधित अभिलेखों एवं दस्तावेजों की गहन जांच भी की जा रही है, ताकि भ्रष्टाचार से जुड़े अन्य पहलुओं का भी खुलासा किया जा सके।
सरकार द्वारा स्पष्ट किया गया है कि भ्रष्टाचार के प्रति किसी भी स्तर पर कोई समझौता नहीं किया जाएगा। सरकारी सेवा को जनता की सेवा मानते हुए यदि कोई अधिकारी या कर्मचारी अपने पद का दुरुपयोग करता पाया जाता है, तो उसके विरुद्ध कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इसी क्रम में विजिलेंस एवं अन्य जांच एजेंसियों को स्वतंत्र एवं निष्पक्ष कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
प्रदेश में लगातार की जा रही इन कार्रवाइयों से आमजन में शासन-प्रशासन के प्रति विश्वास बढ़ा है। सरकार ने आम नागरिकों से अपील की है कि यदि कहीं भी भ्रष्टाचार से संबंधित शिकायत हो, तो निःसंकोच संबंधित माध्यमों से सूचना दें। शिकायतकर्ता की पहचान गोपनीय रखते हुए त्वरित कार्रवाई की जाएगी।
हरिद्वार में हुई यह कार्रवाई राज्य को भ्रष्टाचार-मुक्त एवं सुशासन आधारित प्रशासन की दिशा में आगे बढ़ाने के प्रयासों को दर्शाती है।




