उत्तराखण्ड
सहस्त्रधारा रोड पर डिवाइडर से फूल उखाड़ने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई: एमडीडीए।

संवादसूत्र देहरादून: मसूरी–देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने सहस्त्रधारा रोड पर डिवाइडर में लगाए गए फूलों को उखाड़ने की घटना का संज्ञान लेते हुए दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी है। प्राधिकरण ने इसे शहर की सुंदरता और सार्वजनिक संपत्ति के साथ खिलवाड़ बताया है।
एमडीडीए के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी के निर्देश पर देहरादून शहर के प्रमुख मार्गों, चौराहों और डिवाइडरों पर बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण और सजावटी फूल-पौधों का रोपण किया जा रहा है। शहर को स्वच्छ, हरित और आकर्षक बनाने के उद्देश्य से चलाए जा रहे इस अभियान के तहत सहस्त्रधारा रोड और राजपुर रोड समेत कई प्रमुख मार्गों के डिवाइडरों को रंग-बिरंगे मौसमी फूलों और सजावटी पौधों से सजाया गया है।
प्राधिकरण की टीम द्वारा इन पौधों की सुरक्षा और देखभाल के लिए नियमित स्थलीय निरीक्षण किया जा रहा है। हाल ही में सहस्त्रधारा रोड पर किए गए निरीक्षण के दौरान पाया गया कि डिवाइडर पर लगाए गए कई फूलों और पौधों को कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा उखाड़ दिया गया है। टीम ने मौके की तस्वीरें भी संकलित की हैं, जिनसे स्पष्ट होता है कि पौधों को जानबूझकर क्षतिग्रस्त किया गया है।
एमडीडीए के अनुसार इस प्रकार की घटनाएं न केवल शहर की हरियाली और सौंदर्यीकरण को नुकसान पहुंचाती हैं, बल्कि सार्वजनिक धन से किए जा रहे विकास कार्यों पर भी प्रतिकूल प्रभाव डालती हैं। प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि ऐसे मामलों में दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि देहरादून की प्राकृतिक सुंदरता और हरियाली को बनाए रखना प्राधिकरण की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में है। उन्होंने कहा कि इस तरह की गतिविधियों में शामिल लोगों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा।
एमडीडीए के सचिव मोहन सिंह बर्निया ने बताया कि शहर के विभिन्न क्षेत्रों में पौधों की सुरक्षा के लिए निगरानी व्यवस्था को और मजबूत किया जा रहा है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि यदि कोई व्यक्ति सार्वजनिक स्थलों पर लगाए गए पौधों को नुकसान पहुंचाता हुआ दिखाई दे, तो इसकी सूचना तत्काल प्रशासन को दें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
प्राधिकरण ने कहा कि देहरादून की पहचान उसकी प्राकृतिक सुंदरता और हरियाली से है। इसे सुरक्षित रखना प्रशासन के साथ-साथ हर नागरिक की भी साझा जिम्मेदारी है।




