उत्तराखण्ड
‘डिजिटल कुम्भ 2027’ की तैयारी तेज, सीएम ने रेल परियोजनाओं को भी दी रफ्तार।

संवादसूत्र देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव से मुलाकात कर उत्तराखण्ड में रेल कनेक्टिविटी को मजबूत करने और ‘डिजिटल कुम्भ 2027’ की तैयारियों को लेकर महत्वपूर्ण चर्चा की।
मुख्यमंत्री ने राज्य में रेल नेटवर्क के विस्तार के लिए कई अहम परियोजनाओं पर तेजी से काम करने का आग्रह किया। उन्होंने मेरठ–हरिद्वार–ऋषिकेश तक Regional Rapid Transit System (RRTS) के विस्तार पर जोर देते हुए कहा कि इससे यात्रा सुगम होने के साथ समय और ईंधन की भी बचत होगी।
इसके साथ ही ऋषिकेश–कर्णप्रयाग रेल परियोजना को 2026 तक पूरा करने, टनकपुर–बागेश्वर रेल लाइन को राष्ट्रीय परियोजना का दर्जा देने और कुमाऊँ-गढ़वाल कनेक्टिविटी मजबूत करने के लिए नई योजनाओं को मंजूरी देने का अनुरोध किया गया। मुख्यमंत्री ने हरिद्वार–देहरादून रेल लाइन के दोहरीकरण सहित अन्य महत्वपूर्ण रेल परियोजनाओं को भी प्राथमिकता देने की बात कही।
‘डिजिटल कुम्भ 2027’ पर खास फोकस
मुख्यमंत्री ने बताया कि कुम्भ मेला 2027 को इस बार ‘डिजिटल कुम्भ’ के रूप में विकसित किया जाएगा। इसके तहत Artificial Intelligence और Internet of Things जैसी आधुनिक तकनीकों का उपयोग कर—
भीड़ प्रबंधन
यातायात नियंत्रण
श्रद्धालुओं की सुरक्षा
आपदा प्रबंधन
को और अधिक प्रभावी बनाया जाएगा।
इस परियोजना के लिए ₹143.96 करोड़ की सहायता हेतु केंद्र सरकार को प्रस्ताव भेजा गया है, जिस पर शीघ्र कार्रवाई का अनुरोध किया गया है।
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने सभी प्रस्तावों पर सकारात्मक रुख दिखाते हुए आवश्यक सहयोग का भरोसा दिया।
👉 कुल मिलाकर, राज्य में आधुनिक रेल नेटवर्क और हाई-टेक कुम्भ आयोजन के जरिए उत्तराखण्ड को विकास की नई दिशा देने की तैयारी तेज हो गई है।




