उत्तराखण्ड
“अतिथि देवो भव:” की भावना से करें सेवा: चारधाम यात्रा पर सतपाल महाराज का संदेश।

संवादसूत्र देहरादून: प्रदेश के पर्यटन, धर्मस्व, संस्कृति, लोक निर्माण, सिंचाई एवं ग्रामीण निर्माण मंत्री सतपाल महाराज ने बद्रीनाथ धाम के कपाट खुलने पर प्रदेशवासियों और श्रद्धालुओं को शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि गंगोत्री धाम, यमुनोत्री धाम और केदारनाथ धाम के बाद अब बद्रीनाथ धाम के कपाट खुलने के साथ ही चारधाम यात्रा विधिवत शुरू हो गई है।
मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड आस्था और श्रद्धा की पवित्र भूमि है, इसलिए यात्रा के दौरान स्वच्छता और मर्यादा बनाए रखना हर श्रद्धालु का कर्तव्य है। उन्होंने यात्रियों से अपील की कि वे प्लास्टिक, कचरा और शोर-शराबे से बचें तथा धामों की स्वच्छता को प्राथमिकता दें। उन्होंने यह भी कहा कि स्थानीय लोगों, पिट्ठू, होटल व ढाबा संचालकों से विनम्र व्यवहार करें।
यात्रा व्यवस्था में लगे सभी विभागों—जिला प्रशासन, पुलिस, SDRF, NDRF, ITBP, BRO, स्वास्थ्य एवं पर्यटन विभाग—के अधिकारियों और कर्मचारियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि वे “अतिथि देवो भव:” की भावना से सेवा करें और उत्तराखंड की गरिमा को बनाए रखें। पंडा-पुरोहितों को उन्होंने भक्त और भगवान के बीच सेतु बताते हुए सभी श्रद्धालुओं के लिए सुगम दर्शन व्यवस्था सुनिश्चित करने का आग्रह किया।
महाराज ने होटल-रेस्टोरेंट संचालकों और व्यापारियों से वाजिब दाम लेने और स्थानीय व्यंजनों जैसे मंडुए की रोटी, गहत की दाल और पहाड़ी राजमा को बढ़ावा देने की अपील की। टूर-ट्रैवल संचालकों को यात्रियों को सही जानकारी देने, पंजीकरण, मौसम और स्वास्थ्य संबंधी सावधानियों से अवगत कराने तथा यात्रा कार्यक्रम में अतिरिक्त समय रखने की सलाह दी।
उन्होंने यात्रियों को विशेष रूप से ऊंचाई के अनुकूलन (acclimatization) का ध्यान रखने को कहा। सलाह दी कि सीधे धाम जाने के बजाय हरिद्वार, ऋषिकेश, देवप्रयाग और जोशीमठ जैसे स्थानों पर रुककर शरीर को अनुकूल बनाएं।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि बिना पंजीकरण यात्रा न करें, QR कोड पास और आधार कार्ड साथ रखें तथा यात्रा से पूर्व स्वास्थ्य जांच अवश्य कराएं।
अंत में उन्होंने कहा कि चारधाम यात्रा की सफलता सभी की साझा जिम्मेदारी है—श्रद्धालु नियमों का पालन करें, कर्मचारी सेवा भाव रखें और व्यापारी ईमानदारी बरतें, तभी यह पवित्र यात्रा सुगम और सफल बन सकेगी।




